टिकट खिड़की खुलवाने को लेकर हंगामे के हालात
मदन महल स्टेशन: टिकट काउंटर बंद होने से बढ़ी यात्रियों की मुसीबत, घंटों कतार में खड़े रहने को मजबूर
जबलपुर: शहर के महत्वपूर्ण मदन महल रेलवे स्टेशन पर इन दिनों यात्रियों का गुस्सा चरम पर है। स्टेशन पर कुल पांच टिकट खिड़कियां मौजूद हैं, लेकिन उनमें से 2 नंबर का काउंटर अचानक बंद कर दिए जाने से अव्यवस्था फैल गई है। इसके परिणामस्वरूप, यात्रियों को सामान्य टिकट के लिए भी लंबी कतारों में घंटों इंतजार करना पड़ रहा है।
तत्काल बुकिंग के समय मचती है भगदड़
सबसे गंभीर स्थिति सुबह के समय 'तत्काल टिकट' की बुकिंग के दौरान होती है। जैसे ही काउंटर खुलता है, सीमित सीटों के लिए लोगों के बीच धक्का-मुक्की शुरू हो जाती है। काउंटर कम होने के कारण भीड़ एक ही जगह जमा हो जाती है, जिससे महिला यात्रियों और बुजुर्गों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है। कटनी, नरसिंहपुर और इटारसी की ओर जाने वाले दैनिक यात्रियों ने बताया कि भीड़ के कारण कई बार उनकी ट्रेन तक छूट जाती है।
प्रशासन की अनदेखी से आक्रोश
स्टेशन पर मौजूद यात्रियों का आरोप है कि भीड़ के समय टिकट काउंटर बंद रखना रेलवे प्रशासन की लापरवाही को दर्शाता है। कर्मचारियों की कमी के कारण एक ही खिड़की पर सारा बोझ आ गया है। स्थानीय रहवासियों और यात्रियों ने मांग की है कि:
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बंद पड़े काउंटर नंबर 2 को तत्काल प्रभाव से खोला जाए।
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तत्काल टिकट के समय भीड़ को नियंत्रित करने के लिए आरपीएफ (RPF) के जवानों की तैनाती की जाए।
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वरिष्ठ नागरिकों और महिलाओं के लिए अलग कतार की व्यवस्था सुनिश्चित हो।
सुरक्षा पर भी सवाल
यात्रियों का कहना है कि धक्का-मुक्की के दौरान जेबकतरी और अन्य अप्रिय घटनाओं का डर बना रहता है। भोपाल और इंदौर जैसे बड़े स्टेशनों की तर्ज पर यहाँ भी ऑटोमेटिक टिकट वेंडिंग मशीन (ATVM) को और अधिक प्रभावी बनाने की आवश्यकता है।

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